STORYMIRROR

अशोक जोशी

Abstract

3  

अशोक जोशी

Abstract

अतीत के पन्ने

अतीत के पन्ने

1 min
186

कभी गुजरो इधर से तो पढ़ लेना,

अपने लिखे वो अतीत के पन्ने,

जो कर रहें तुम्हारा ही इंतज़ार,

कभी तो आओगे, पढ़ोगे तुम,

अपना ही लिखा इतिहास,

फिर करना चर्चा अपनों से,

जो कर ले तुम्हारा अनुसरण,

वो भी लिखे अपना इतिहास,

बन जाए अतीत के पन्ने,

चलता रहें यहीं सिलसिला

पीढ़ी दर पीढ़ी बन जाए इतिहास....



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract