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बेज़ुबानशायर 143

Abstract Fantasy Inspirational

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बेज़ुबानशायर 143

Abstract Fantasy Inspirational

स्वच्छता

स्वच्छता

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प्रदूषण से पीड़ित लगते गाँव -शहर बेजान 

स्वच्छता से होगी अब गाँव -शहर की पहचान 


गंदगी न फैलाओ बताओ सबको साफ -सफाई के गुर 

साफ-सफाई करते रहो नहीं तो हो जाओगे रोने को मजबूर 


कचरों से भरा हो यदि रास्ता हमारा 

सफाई से सुंदर बनेगा नगर न्यारा 


साफ-सफाई के लिए हुआ ये कैसा अजब कमाल 

स्वच्छता के लिए हटाया सबने प्रदूषण का जाल 


आइये साफ- सफाई करके दिखाए 

नगर को स्वच्छ और सुंदर बनाए 


गाँव -शहर में कचरा फैलाओगे तो मच्छर सुनाएंगे राग 

बीमारिया पनपेगी , और लग जायेगा पर्यावरण पर दाग 


सफाई करने से नगर में उजियारा छाया 

कचरे से मुक्त नगर सबके मन को भाया 


गाँव -शहरों में लग गए साफ -सफाई के काम 

स्वच्छता के लिए होगा नगर का रोशन नाम 


रखे स्वच्छता यही स्वस्थ्यता का आधार है 

सुन्दर गाँव -शहर बनने के यही तो आसार है


स्वच्छता सुंदरता के लिए साफ -सफाई करते रहो 

नगर हो प्रदूषण से मुक्त कुछ ऐसा काम करते रहो 


आओ मिल जुलकर स्वच्छता अभियान के गीत गाए 

स्वच्छता अभियान हो सफल मिलकर खुशियाँ मनाए 


स्वच्छता होगी तभी तो कुछ बात होगी 

स्वच्छ नगरों में यही गिनती खास होगी 

 

स्वच्छता अभियान से जागरूकता लाए 

साफ -सफाई करने में मिलकर हाथ बटाएं



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