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R Rajat Verma

Abstract

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R Rajat Verma

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बड़ी बहन

बड़ी बहन

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फुलाती है नाक, 

गुस्सा बहुत दिखाती है,

मेरी बड़ी बहन, 

मुझे कुछ ज्यादा ही चाहती है,

डांटती है जब मम्मी मुझे,

पूरा लुफ्त वो उठाती है,

आंखों से करके इशारे,

मुझे वो और चिढ़ाती है,

समझ जाती है गुस्से में हूं मैं,

मुझे शांत करने को,

मम्मी से लड़ जाती है,

एक कोने में बैठकर,

मुझ पर रौब जमाती है,

कह दूं अगर कुछ तो,

मम्मी की धौंस जमाती है,

मेरी बड़ी बहन,

मुझे कुछ ज्यादा ही चाहती है,

खुद सताए तो,

बहुत हसके दिखाती है,

कोई और कुछ कहे,

झांसी की रानी बन जाती है,

मेरी बड़ी बहन,

मुझे कुछ ज्यादा चाहती है।


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