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Dr Lalit Upadhyaya

Abstract


3.6  

Dr Lalit Upadhyaya

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राखी का त्योहार

राखी का त्योहार

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  • भाई-बहन का प्यार,        
  • आया राखी का त्योहार।       
  • रक्षा सूत्र है तैयार,          
  • आए खुशियां यह हर बार।।
  • अठखेली करता वो बचपन,      
  • हो गई उम्र अब पचपन।      
  • बहन का भैय्या है रतन,       
  • एक जान हम दो बदन।।    
  • भतीजों की प्यारी बुआ,       
  • घेवर संग लाई दुआ।      
  • चॉकलेट को भी दिया,       
  • हर्षित मन पुलकित हुआ।।    
  • फूफा की भी बात निराली,     
  • बुआ स्कूटर पर बिठा ली।      
  • गई बुआ अब घर खाली,      
  • फिर आएगी दौज दीवाली।।


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