पर... मैं एक नारी हूँ।
पर... मैं एक नारी हूँ।
मेरा कुछ नहीं पर मैं नारी हूं
सब कुछ तेरा पर मैं नारी हूं।
मायका ससुराल मेरा कोई घर नहीं
घर पति का मैं एक नारी हूं।
मांग मेरी सिंदुर मेरे पति का
लिबास पति का मैं नारी हूं।
संतान को जन्म दिया कोख से
नाम पति का मैं नारी हूं।
ललाट मेरा बिंदिया मेरे पति की
समर्पण पति को मैं नारी हूं।
जिस्म मेरा ह़क़ मेरे पति का
श्रंगार पति का मैं नारी हूं।
लाल लाली लब्बों पर पति की
होंठ है मेरे मैं नारी हूं।
नाक मेरा नथ मेरे पति की
मैं पति व्रत मैं नारी हूं।
हाथ मेरे कंगन मेरे पति के
सज धज रहती मैं नारी हूं।
आंखें मेरी काजल मेरे पति का
छवि पति की मैं नारी हूं।
मैं अर्द्धांगिनी संगनी पति परमेश्वर मेरा
छाया बन रहती मैं नारी हूं।
पैर मेरे पायल पहनी पति की
हर गहना पहना मैं नारी हूं।
काया मेरी मालिक मेरा पति,
सब कुछ पति मैं नारी हूं।
