STORYMIRROR

Jai Singh(Jai)

Tragedy Action Inspirational

2  

Jai Singh(Jai)

Tragedy Action Inspirational

"पहले गम भूले नहीं "।

"पहले गम भूले नहीं "।

1 min
100

पहले गम भूले नहीं, छोड़ दिए सब हथियार।

भीड़ निमंत्रण दे रही, नरम रूख अख्तियार‌।

नरम रूख अख्तियार‌ नियम ताक पर रख दिए।

मास्क लगाना छोड़, सुरक्षित दूरी भूल गए।

कह "जय" हो आवश्यक, काम तब घर से निकले।

सोच समझ लो खूब, याद कर लो दिन पहले।



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Tragedy