STORYMIRROR

ankita jain

Drama Inspirational

3  

ankita jain

Drama Inspirational

नाम दुआ लिखना

नाम दुआ लिखना

1 min
11K


ऐ दोस्त,

तुझे क्या नाम दूँ

कुछ समझ नहीं आता है...


जाम कह दूँ

तो छलक जाता है,

दिल कह दूँ

तो टूट जाता है...


और जिन्दगी कह दूँ

तो मौत का

डर सताता है...


फूल कह दूँ तो

काँटों से घिरा पाया है,

चाँद कह दू तो

उसमे भी दाग समाया है...


ऐ दोस्त,

तुझे क्या नाम दूँ

कुछ समझ नहीं आता है...


सोचा खुदा से पूछ लेंगे,

खुदा ने कहा:-


मेरे दर से ऊपर

जिसका घर बसा है,

वही तेरे दोस्त का पता है,


उस दोस्त का नाम दुआ है,

एक दुआ तेरे दिल से निकली थी

और मुझ तक पहुँची थी,


जिसमे खुशियों की चाह थी,

एक नन्ही सी आस थी ,

उन दुआओं को मैंने कबूला था...

तभी एक फरिश्ता

मैंने जमीं पर भेजा था

वो फ़रिश्ता तेरा दोस्त बन गया

और तेरी जिंदगी में रंग भर रहा...


इस दोस्त की दिल से दुआ है कि

तुझे हर वो ख़ुशी मिले जो तूने चाही हो


तेरे दामन में

हमेशा खुशियाँ रहे

भले ही उन खुशियों में

हम न आये हो...


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama