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Swati Grover

Inspirational

4  

Swati Grover

Inspirational

मातृभूमि

मातृभूमि

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मेरी मातृभूमि तुझसे उतना प्रेम है

जितना कबीर को था, अपने राम से

जितना राधा को था, अपने श्याम से

माँ तेरे आँचल की रक्षा के लिए

भगत, आज़ाद, ढींगरा, खुदीराम,

सुखदेव, राजगुरु वार दिए

प्रताप, गांधी, तिलक, ने सारे सुख त्याग दिए

सावरकर का ओज स्वर आज भी हृदय को झंझोरता है

जो लाल तेरी पावन मिट्टी पर पैदा हुए

उसी मिट्टी के लिए शत्रु के दाँत खट्टे करता है

देख! हमने कश्मीर से भी पहरे हटाएँ है 

जन्नत में तिरंगे भी लहराएँ हैं 

मेरी मातृभूमि तुझसे उतना प्रेम है

जितना श्रवण कुमार को था, अपने माँ-बाप से

तेरे आँगन में सोना सदा लहराएँगा

नदियों का नीर तेरे चरणों को धोता जाएँगा

पूरा देश आलोकित होता है, तेरी मुस्कान से

मेरी मातृभूमि तुझसे उतना प्रेम है

जितना हर भगत को है, अपने भगवान से।।।



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