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माँ

माँ

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हर लम्हा मेरे साथ हो तुम,

हर दफ़ा मेरी पहचान हो तुम,

तुम्हें भगवान मानकर पूजा की है हमने,

ज़िन्दगी की ज़रूरत हो तुम।


बचपन से तुमने हमारी हर नौटंकी को झेला,

हम कितने बदमाश थे ना, माँ,

लेकिन तुम्हारे शुक्रगुज़ार हैं,

जो तुमने हमें बचपन से पाला है।


तुम्हारे परवरिश का मान रखेंगे,

ये वादा रहा,

तुम्हारा सर कभी नीचे नहीं होगा,

ये वादा रहा।


और तुम्हारे साथ हर पल रहेंगे,

ये वादा रहा,

माँ, कैसे शुक्रिया करूँ तुम्हारा,

जितना भी करूँ कम पड़ेगा।


मेरे हर बुरे वक़्त में,

तुम मेरी परछाईं बन कर खड़ी रही,

मेरी हर तरक्की में,

तुमने मुझे शाबाशी दी।


मेरी हर ग़लती पर मुझे डांट लगायी,

मेरी हर नाकामी पर मुझे हौसला दिया,

शुक्रगुज़ार हैं हम तुम्हारी जैसी प्यारी माँ पाकर,

मेरी प्यारी माँ।


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