Kanak Agarwal
Fantasy Inspirational Others
ये कलम भी रोती है,,
फुर्सत हो तो कभी सुनना..
हंसी, खुशी, मुस्कुराहट,
प्रेम-प्रीति छोड़कर..
जब लिखते हो इससे...
झूठ, बेईमानी, चोरी, डकैती,
व्यभिचार और दुराचार
तब..
सिसकती है ये..!
पर फिर भी,
सच कहने की हिम्मत
रखती है ये....
रोशन दीवाली
प्रकृति और स्...
तस्वीर युद्ध ...
इश्क़
प्रेम
हम तो बस तेरे...
मनमर्जी
मुझ में रब बस...
झरना
जिंदगी
भारत को गांव का देश कहा जाता है। ये कविता इस संस्कृति को बताती है। भारत को गांव का देश कहा जाता है। ये कविता इस संस्कृति को बताती है।
दिल तुम पर आया या उन पर , यह तो अब तक पता न चला दिल तुम पर आया या उन पर , यह तो अब तक पता न चला
बिजली अब चमकेगी कैसे बादल तो हैं नीचे चाँद सितारे फूल हमको अपनी और खींचे बिजली अब चमकेगी कैसे बादल तो हैं नीचे चाँद सितारे फूल हमको अपनी और खींचे
उनके जादू के जवाँ होने का है असर, कि ये सारा खेल रहा है पसर। उनके जादू के जवाँ होने का है असर, कि ये सारा खेल रहा है पसर।
मैं क्या करता, उन्हें सब कुछ ध्यान था, उन्हें मेरा हर पल पूरा ख्याल था। अटूट हम दोनों मे चाहत थी । श... मैं क्या करता, उन्हें सब कुछ ध्यान था, उन्हें मेरा हर पल पूरा ख्याल था। अटूट हम ...
मित्र या किसी संबंधी से सुरक्षित हूं या नहीं कहना चाहिए हिरण क्षमा मांगा और शेर के साथ मित्र या किसी संबंधी से सुरक्षित हूं या नहीं कहना चाहिए हिरण क्षमा मांगा और शेर ...
दोनों के घर वालों ने मिलकर हम दोनों को हमेशा के लिए एक कर दिया। दोनों के घर वालों ने मिलकर हम दोनों को हमेशा के लिए एक कर दिया।
तो तुम्हें थामने वाले हाँथ मेरे हों तो तुम्हें थामने वाले हाँथ मेरे हों
विवेक का ताना बाना बुना वैज्ञानिकों ने उड़न खटोले को नाम दिया चंद्र यान का और पहुंचा विवेक का ताना बाना बुना वैज्ञानिकों ने उड़न खटोले को नाम दिया चंद्र यान का और ...
नज़रे वही और लोग वही दिल को लग जाए रोग वही नज़रे वही और लोग वही दिल को लग जाए रोग वही
अब रात के घने साये में मेरा वही सहारा है, देखो-देखो कितना प्यारा रिश्ता ये हमारा है...।। अब रात के घने साये में मेरा वही सहारा है, देखो-देखो कितना प्यारा रिश्ता ये हम...
रात में ख्वाब था ख्वाब में रात थी मैं था उसमें खोया वो थी मुझमें खोई। रात में ख्वाब था ख्वाब में रात थी मैं था उसमें खोया वो थी मुझमें खोई।
मैं तो कवयित्री ठहरी..... एक बिलकुल ढीठ सी कवयित्री... मैं तो कवयित्री ठहरी..... एक बिलकुल ढीठ सी कवयित्री...
उन शरीरों में हर एक को दो दो कान भी होते है लेकिन मेरे मन की बात मन में ही रह जाती है उन शरीरों में हर एक को दो दो कान भी होते है लेकिन मेरे मन की बात मन में ही रह ज...
कुछ तो अनोखी कहानी बनेगी ।। मधुर की माधुरी अब मधुप्रिया बन जाएगी कुछ तो अनोखी कहानी बनेगी ।। मधुर की माधुरी अब मधुप्रिया बन जाएगी
कविता पढूं कहीं तो कविता मन भाए गजल देखूँ कहीं तो गजल याद आए कविता पढूं कहीं तो कविता मन भाए गजल देखूँ कहीं तो गजल याद आए
अब अर्थी भी पास से गुजरे तो फोन रखता नहीं इस शहर ने शहरी होने का ऐसा नशा सुंघाया है अब अर्थी भी पास से गुजरे तो फोन रखता नहीं इस शहर ने शहरी होने का ऐसा नशा सुंघ...
यौवन जल किंचित नही प्राप्त भाग्य दुर्भाग्य एकाकी वीरान यौवन जल किंचित नही प्राप्त भाग्य दुर्भाग्य एकाकी वीरान
कर लो दोस्तों कंप्यूटर से प्यार इसका तो जमाना है। कर लो दोस्तों कंप्यूटर से प्यार इसका तो जमाना है।
होगी बुलंद आवाज़ तुम्हारी इस शोरगुल में भले ही, तुम मुझे कमज़ोर समझने की भूल मत करना। होगी बुलंद आवाज़ तुम्हारी इस शोरगुल में भले ही, तुम मुझे कमज़ोर समझने की भूल ...