Anuj Pareek
Drama
ये कैसा सौदा कर बैठे
एक खुशी के लिए
खुशियों का सौदा कर बैठे।
प्रेम की सार्...
अमीर घर की औल...
सबसे खतरनाक ह...
थामना चाहता ह...
समझ क्यों नही...
इंसान
Kuch Tum Kaho...
यादों की गिरफ़...
मिला ही नहीं
खुशियों का सौ...
एक शिक्षक का काम छात्रों को अपने आप में जीवन शक्ति देखना सिखाना है, एक शिक्षक का काम छात्रों को अपने आप में जीवन शक्ति देखना सिखाना है,
भगवान् था, शैतान था, हैवान था, ज़िंदा होकर भी...वो बेजान था। भगवान् था, शैतान था, हैवान था, ज़िंदा होकर भी...वो बेजान था।
न नारी अबला होती है और न ही औरत लाचार होती है। न नारी अबला होती है और न ही औरत लाचार होती है।
दो राहें थी, इक घर को इक सपनों की ओर चली...। दो राहें थी, इक घर को इक सपनों की ओर चली...।
माँ की कितनी बात सुनाऊँ, ममता की प्रतिमूर्ति ऐसी, देवी छोटी पड़ जाती है, धरती पे माँ कहलाती है। माँ की कितनी बात सुनाऊँ, ममता की प्रतिमूर्ति ऐसी, देवी छोटी पड़ जाती है, धरती प...
एक ही ज़िंदगी है, अपनी इच्छाओं को पूरी करो यही दुनिया के सारे द्वार खोलता है, मैंने भी सीखा कि अरमान ... एक ही ज़िंदगी है, अपनी इच्छाओं को पूरी करो यही दुनिया के सारे द्वार खोलता है, मैं...
पापा तुम्हें कह नहीं पाती, हर शुक्रिया से ज्यादा तुम्हें प्यार करती हूँ। पापा तुम्हें कह नहीं पाती, हर शुक्रिया से ज्यादा तुम्हें प्यार करती हूँ।
विनाश सदैव विकल्प है प्रथम खटकाओ सभी द्वार...! विनाश सदैव विकल्प है प्रथम खटकाओ सभी द्वार...!
जब तख्त की ज़ुबाँ बोलनेे लगे अखबार, तो कैसे लिख दूँ कि कलम की ताकत अभी ज़िंदा है...। जब तख्त की ज़ुबाँ बोलनेे लगे अखबार, तो कैसे लिख दूँ कि कलम की ताकत अभी ज़िंदा ह...
नृत्य तुम्हारी नाड़ी है, तुम्हारी धड़कन है, तुम्हारी श्वास है, यह आपके जीवन की लय है नृत्य तुम्हारी नाड़ी है, तुम्हारी धड़कन है, तुम्हारी श्वास है, यह आपके जीवन ...
इन मय-क़शी सदाओं में ज़रा सी अज़मत भर देना... गुज़ारिश है तुमसे, एक बार, बे-दिली से ही सही... ब... इन मय-क़शी सदाओं में ज़रा सी अज़मत भर देना... गुज़ारिश है तुमसे, एक बार, बे-...
ख़ुशी तो जी बस इतनी है जब भी सुकून की तलाश में निकलें हैं, किसी ने आज तक धर्म नहीं पूछा मज़ारों में... ख़ुशी तो जी बस इतनी है जब भी सुकून की तलाश में निकलें हैं, किसी ने आज तक धर्म ...
जिसका गहना उसका मान सम्मान है औऱ जिसकी मुस्कुराहट उसके आज़ाद विचारों की पहचान है ! जिसका गहना उसका मान सम्मान है औऱ जिसकी मुस्कुराहट उसके आज़ाद विचारों की पहचान...
लबों के छिपे राज़ो को जानते है, चलो आज कुछ नया करते है.. लबों के छिपे राज़ो को जानते है, चलो आज कुछ नया करते है..
सत्य हूं मैं, बिक चुका हूं झूठ के बाज़ार में । मैं अकेला चल रहा हूं... सत्य हूं मैं, बिक चुका हूं झूठ के बाज़ार में । मैं अकेला चल रहा हूं...
छोटे बच्चों को ना रोको, खेलने दो रेत में पाक रहने दो उन्हें, अपना गणित सिखलाओ मत...! छोटे बच्चों को ना रोको, खेलने दो रेत में पाक रहने दो उन्हें, अपना गणित सिखलाओ...
बचपन के बारे में एक कविता...। बचपन के बारे में एक कविता...।
आखिर तुमने भी नारायण अपनी भू देवी को पहचान कर की ही चुना होगा आखिर तुमने भी नारायण अपनी भू देवी को पहचान कर की ही चुना होगा
मंजिल नाम अपने इस बार कर चल उठ प्रण कर ना क्षण एक बेकार कर...! मंजिल नाम अपने इस बार कर चल उठ प्रण कर ना क्षण एक बेकार कर...!
मेरे मन के युद्ध मुझे तेरी पूजा ना करने देंगे। मेरे मन के युद्ध मुझे तेरी पूजा ना करने देंगे।