STORYMIRROR

Bhoopal Kishore

Classics Fantasy Inspirational

4  

Bhoopal Kishore

Classics Fantasy Inspirational

खुदगर्ज मुसाफिर

खुदगर्ज मुसाफिर

1 min
18

जीवन है अनमोल...

जीवन है अनमोल कहां और इसे खोना है,

मनुष्य सिर्फ एक खुदगर्ज मुसाफिर,

जीवन पथ पर चलना है।


मिटते हैं जज्बात यहां,

टूटता है हर एक स्वप्न यहां,

जीवन सिर्फ एक खिलौना है।

खोना पाना है चक्र यहां,

सब कुछ पाकर, सब कुछ खोना है,


जीवन है अनमोल कहां कब इसे खोना है।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Classics