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priyanka shaw

Abstract Inspirational Others

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priyanka shaw

Abstract Inspirational Others

जिंदगी के खेल

जिंदगी के खेल

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जिंदगी खेल खेल रही है 

चलो, हम भी उसका हिस्सा बने,

चाहे जैसी भी हो,

हम उसका यादगार किस्सा बने।


ना पीछे मुड़ना है 

ना आगे रुकना है,

बस जिंदगी के राहों में गिरना है, 

और गिरकर सँभलना है।

आगे संघर्षों ले लड़ना है,

फिर खुद में ही सँवरना है ।


ना हमको थकना है

ना हमको झुकना है,

यूँ ही जीवन के पथ पर 

समय के साथ चलना है।


राहें हैं कांटे भरी,

उनपर कष्ट रुपी,

कंकर है पड़ी ।

उनको ठोकर मार कर,

आगे कदम बढ़ाना है।


ना हारने की आह है,

ना जीतने की चाह है,

जिंदगी जीए कैसे?

वैसी कला सिखाना है।


जिंदगी के दो ही पहलू है,

या तो हारना या तो जीतना,

पर, इन दोनों के बीच जो है,

वो कला है हमको सीखना ।


हमें जिंदगी कुछ न कुछ देती ही है।

जीतने पर जीत देती है,

और हारने पर सीख देती है।


आओ एक संकल्प ले,

जीवन को सुखद बनाने में।

चाहे, सामने कोई भी मुश्किल आ जाए,

उसको हँसकर हराने में।



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