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डॉ0 साधना सचान

Abstract Inspirational

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डॉ0 साधना सचान

Abstract Inspirational

जीवन संघर्ष

जीवन संघर्ष

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आज दिखता जीवन में

पल -पल है संघर्ष

वक्त के साथ बढ़े चलो

इसी में है उत्कर्ष।।


माना डगर है कठिन बहुत

पग पग चलना मुश्किल है

लेकिन इसमें ही मिले यहाँ

जीवन का निष्कर्ष।।


कर्म धार बस तेज़ रहे

समय धार के साथ बहे

छोटी -छोटी ख़ुशियों में

देखे बड़े -बड़े हर्ष।।


संतोष रहे बस जीवन में

पर उपकार रहे इस मन में

इस दुनिया की चकाचौंध में

दिखे मनभावन आकर्ष।।


दिनचर्या में रहे सन्तुलन

निरोगी काया स्वच्छ हो मन

विनाश लीला ही लाए सदा

जब हो जाए प्रकर्ष।।

        



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