इक़रार ए यार
इक़रार ए यार
देख लेना एक दिन तुम्हें हमसे प्यार होगा
मन तड़पेगा सखे तुम्हारा बेकरार होगा।
हम न लौट कभी पायेंगे तेरे बुलाने पर भी-
एक-एक पल तब तुम्हें मेरा इंतजार होगा..
तुम्हें क़दर नहीं मेरी, चलो कोई बात नहीं-
थामेंगी साँसे जब मेरी तुम्हें ऐतबार होगा..
उर पीर बढ़ेगी होगी आँखों में अश्रुधारा-
संभल न पाओगे मेरा जब अंत्यकार होगा..
दिन काटोगे गैरों-संग रजनी में याद करोगे-
मुझसे न कहा पर रोकर इक़रार-यार होगा..
प्यार में रुसवाकर अपमान किया था मेरा -
मेरे बाद तन्हाई में इज़हार बार-बार होगा..

