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अनामिका वैश्य आईना

Romance Tragedy


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अनामिका वैश्य आईना

Romance Tragedy


इक़रार ए यार

इक़रार ए यार

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देख लेना एक दिन तुम्हें हमसे प्यार होगा

मन तड़पेगा सखे तुम्हारा बेकरार होगा।


हम न लौट कभी पायेंगे तेरे बुलाने पर भी-

एक-एक पल तब तुम्हें मेरा इंतजार होगा.. 


तुम्हें क़दर नहीं मेरी, चलो कोई बात नहीं-

थामेंगी साँसे जब मेरी तुम्हें ऐतबार होगा..


उर पीर बढ़ेगी होगी आँखों में अश्रुधारा-

संभल न पाओगे मेरा जब अंत्यकार होगा..


दिन काटोगे गैरों-संग रजनी में याद करोगे-

मुझसे न कहा पर रोकर इक़रार-यार होगा..


प्यार में रुसवाकर अपमान किया था मेरा - 

मेरे बाद तन्हाई में इज़हार बार-बार होगा.. 


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