Dr. Akshita Aggarwal
Fantasy Inspirational
चाहती हूंँ जीवन में,
पढ़ने बस इतने से अक्षर।
ज़िंदगी में बस कोई,
एक बार आकर मांँग ले,
मुझसे मेरे हस्ताक्षर।
प्रश्न चिन्ह
आँसू
जीवन
शादी का लड्डू
वैलेंटाइन डे ...
ओझल परछाई
गांँव का मेला
सुनहरा इतिहास
यूँ दहेज़ मां...
मेरे गुलाब का...
नंदीघोष विशाल रथ, तालध्वज पर साथ। दर्पदलन पर बैठकर, निकले जग के नाथ।। नंदीघोष विशाल रथ, तालध्वज पर साथ। दर्पदलन पर बैठकर, निकले जग के नाथ।।
अपने मालिक से मिलने से पहले वो अकेला रहा करता था। अपने मालिक से मिलने से पहले वो अकेला रहा करता था।
चुपके से दिल में घर कर जाते हैं। दिल में आकर हमेशा बस जाते हैं। चुपके से दिल में घर कर जाते हैं। दिल में आकर हमेशा बस जाते ह...
तुम मेरा गीत, मेरा संगीत, तुम ही मेरा गुनगुनाना, मेरा ख़ुशी का पिटारा तुम मेरा गीत, मेरा संगीत, तुम ही मेरा गुनगुनाना, मेरा ख़ुशी का पिटारा
सारे बन्द दरवाजों को, कृष्ण मेरे खोलते हैं....... सारे बन्द दरवाजों को, कृष्ण मेरे खोलते हैं.......
लिए उसका भाई उसका हीरो होता है उसका दोस्त होता है लिए उसका भाई उसका हीरो होता है उसका दोस्त होता है
अनगिनत-असीमित ख़्वाबों का ताज माथे सजाता कभी अनगिनत-असीमित ख़्वाबों का ताज माथे सजाता कभी
हम सबका विश्वास मित्र हैं। कर्ण दुर्योधन का मित्र है। हम सबका विश्वास मित्र हैं। कर्ण दुर्योधन का मित्र है।
हैं यादें वो प्रेम भरी, और कुछ जानी पहचानी....... हैं यादें वो प्रेम भरी, और कुछ जानी पहचानी.......
ना कुछ इस मन को अब समझ आएं, मैं तुझमें या तू मुझमें नजर आएं....... ना कुछ इस मन को अब समझ आएं, मैं तुझमें या तू मुझमें नजर आएं.......
सच हम कह हीं देते हैं, कि तुम बिन मर ही जाएंगे....... सच हम कह हीं देते हैं, कि तुम बिन मर ही जाएंगे.......
होगा कत्ल मेरा मालूम है लेकिन खबर नहीं होगा कत्ल मेरा मालूम है लेकिन खबर नहीं
गैरों से भी निभानी रिश्तेदारी है..!! गैरों से भी निभानी रिश्तेदारी है..!!
दुआ लिखूं या करिश्मा लिखूं दुआ लिखूं या करिश्मा लिखूं
मर कर भी तुम हमारी रूह से निकल ना पाओगे ! मर कर भी तुम हमारी रूह से निकल ना पाओगे !
तब शायद ये संसद बन सके घोर तिमिर से घिरे लोगों के लिए इंदु तब शायद ये संसद बन सके घोर तिमिर से घिरे लोगों के लिए इंदु
मैं समंदर हूँ कुल्हाड़ी से नहीं कट सकता मैं समंदर हूँ कुल्हाड़ी से नहीं कट सकता
सब मिलकर बाजार जाओ खर्च तो बढ़ेगा,....पर...मजा आएगा, सब मिलकर बाजार जाओ खर्च तो बढ़ेगा,....पर...मजा आएगा,
आ भी जा रूबरू कि इसको कुछ तो क़रार मिले। आ भी जा रूबरू कि इसको कुछ तो क़रार मिले।
समझदारी व्यक्ति बनकर, प्रेरणादायक रचनाएं लिखेंगे।। समझदारी व्यक्ति बनकर, प्रेरणादायक रचनाएं लिखेंगे।।