STORYMIRROR

Vaishnavi Mohan Puranik

Romance

3  

Vaishnavi Mohan Puranik

Romance

हो गई दिवानी मैं

हो गई दिवानी मैं

1 min
256

दिल में उठे सवाल, खूबसूरत से ख्याल,

आया एक पल ऐसा, हो गई दीवानी मैं।

उसमें ही खोई खोई, हर पल रहती हूं,

मोह भरी दुनिया से, हो गई बेगानी मैं।

दिल में वो बस गया, रंग में वो रंग गया,

ऐसा एक नशा छाया, हो गई सयानी मैं।

चाहती हूं बस यही, साथ रहे हरदम,

तू है मेरा बाजीराव, तेरी हूँ मस्तानी मैं।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance