STORYMIRROR

Monika Sharma "mann"

Abstract

3  

Monika Sharma "mann"

Abstract

हे माँ दया करो

हे माँ दया करो

1 min
501

माता का दिन आया है 

दानव ने शोर मचाया है


हे माँ अवतरित हो धरा पर

संकट यह गहरा छाया है


दीन हीन हम करें प्रार्थना

हमें ऐसे तो त्रास न करो


मांँ हम सभी का कल्याण करो 

विश्व संकट में आया है


हर-पल मौत का साया मँडराया है

है मांँ यह विपदा हरो 


हमारी गलतियों पर हमें क्षमा करों।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract