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Kavita Sharrma

Abstract

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Kavita Sharrma

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दुनिया

दुनिया

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दुनिया वाले अक्सर चेहरे बदल लेते हैं,
हालात के साथ अपने रंग बदल लेते हैं।
बातों में मिठास बहुत घोल देते हैं,
पर दिल के सच कम ही खोल देते हैं।

मतलब हो तो साथ निभाते हैं,
वरना राहों में छोड़ जाते हैं।
तालियाँ भी यही बजाते हैं,
और पत्थर भी यही उठाते हैं।

फिर भी इन्हीं से दुनिया चलती है,
इन्हीं से हर कहानी पलती है।
दुनिया वालों की यही पहचान है—
कभी साया, तो कभी तूफ़ान है। ✨


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