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Arun Gode

Romance

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Arun Gode

Romance

दिवाने का गम.

दिवाने का गम.

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      दिवाने का गम.                   

मोरनी जैसी तेरी मतवाली चाल,

करती मेरे दिलको होल-होल बेहाल।  

तुम जहां-जहां नजर आएं मुझे खडे,

वहां-वहां पर ही मेरी नजर हरबार दौड़े।

 

जहां-जहां तेरे कदम होल-होल बढ़े,

उसी और मेरे कदम अपने-आप चले।  

ऐ कैसी आफत इस दिवानेपर आ पड़ी,

तेरे पीछे-पीछे दौड़े ऐ दिवाना हर घड़ी।


 तुम्हारे भी कदम शायद युही लड़खड़ाते,

जब मेरे आँखों के तीर तुम्हारे को युही छेड़ते।   

तुम्हारी बेमिसाल हरकते कुछ-कुछ नजरों से कहती,

आग इस दिले में लगी और ज्वाला उधर भी है भड़की।     


ऐ कैसा गजब सिलसिला तेरे मेरे बिच में,  

इषारों-इषारों में चल पड़ा तेरे मेरे बिच में।  

ना मुझेको इसकी खबर लगी ,ना तुझे है खबर,

कहाँ तक चलेगां प्यारका तूफान आगेकी और।

 

तुम्हारी ऐ झुकी -झुकी शर्मीली नजरें,  

और धीरे-धीरे बढ़ते तुम्हारे होले-होले कदम।  

रोकती हैं मेरे साँसे और निकलता है मेरे दम,

तुम्हें कहीं खो ना जाऊँ इसका होगा मुझे गम।  


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