STORYMIRROR

Brajendranath Mishra

Romance

4  

Brajendranath Mishra

Romance

चलो इस कोरोना काल में अजनबी बन जाएं हम दोनों

चलो इस कोरोना काल में अजनबी बन जाएं हम दोनों

1 min
251

चलो इस कोरोना काल में अजनबी बन जाएं हम दोनों।


न मैं तुमसे मिलूं, ना नजदीक आऊं,

तुम मेरी तरफ देखो मगर कुछ दूर रह के,

न तेरे अल्फाज लड़खड़ायें मास्क में फंसकर,

न लिपस्टिक वाले ओठ तुम्हारी उल्फत का राज खोले।


तुम्हें भी कोई उलझन रोकती है पास आने से,

मुझे भी डर लगा रहता है, तुमसे दूर जाने से।

बचा लिया है, इस जमाने में कई आशिकों के

मुहब्बत को, इस कोरोना ने, बदनाम होने से।


जब कोई रोग आकर हो खड़ा

तो दूर रहना बेहतर

दूरी बनाना जीने का दस्तूर बन जाये

तो दूर रहना अच्छा।

ये कहानी जिसे मुकम्मल करना न हो मुमकिन

उसे एक खूबसूरत मोड़ देकर भूलना अच्छा।


चलो इस कोरोना काल में अजनबी बन जाएं हम दोनों।


फिल्मी गानों पर पैरोडी

------------------------------

गीत के बोल: चलो इक बार फिर से अजनबी बन जाएं हम दोनों

गीतकार: साहिर लुधियानवी

गायक: महेंद्र कपूर, संगीतकर -रवि, फ़िल्म: गुमराह



Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Romance