आधा पहेले का पहला कदम
आधा पहेले का पहला कदम
भूल गई थी जो वो पहला कदम
आज याद दिलाया उसने
आगे बढ़ कर
रास्ते पर चल रहा था
हमारा बेटा
गाड़ी देख हाथ पकड़कर बाजू किया उसने
भूल गई थी जो रोज की भागादौड़ी में
आज एक पल में याद आया मुझे
शादी के पहले के दिन
वो बातें, वो यादें
शादी के बाद भूल गई थी जो मैं
कहा था शादी के बाद
रोज मेरा प्यार याद दिलाऊंगी
शादी के बाद भूल गई थी जो मैं
चिंटू के बाद भूल गई थी
एक तरह से तुम्हें
आज तेरा हाथ चुपके से लिया
हाथ में मेरे
वो पहला प्यार याद आया मुझे
आज बनाया है उसका पसंदीदा
पनीर टिक्का
शाम को बैठकर खाया साथ
लेकिन याद उसको याद न आई एक बात
मुस्कुरा के मैं बोली खुद से
ये तो है पहला कदम
अपने पहले प्यार की तरफ
न जाने कितने इम्तहान देने होंगे
उसको याद दिलाने को
वो हमारा
पहला प्यार का पहला कदम।

