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Minal Aggarwal

Tragedy

4  

Minal Aggarwal

Tragedy

यह बुरा व्यवहार था

यह बुरा व्यवहार था

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कहना 

मुझे था पर 

दूसरे का नाम 

लेकर 

तुम तक मैंने 

अपनी बात पहुंचाई 

दिल में 

नफरत का कीचड़ 

भरा था 


तुम पर छींटे मारकर 

मैंने अपने मन की 

भड़ास निकाली 

दूसरे की जान फंसाई

तुमने जो सच्चाई जानने की 

फिर कोशिश करी 

तो यह सब झूठ था पर 

झगड़े में सिर फूटने की नौबत 

आई 


बात चाहे इसने कही या 

उसने कही 

लेकिन बात में 

कड़वाहट थी

नफरत थी

बेरुखी थी 


यह बुरा व्यवहार था 

इसमें जिसने यह बात कही 

उसी व्यक्ति के व्यक्तित्व के 

एक बुरे पहलू की झलक थी 

बात दिल तोड़ने वाली थी 

किसी का हौसला बढ़ाने वाली 

बिल्कुल नहीं थी।


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