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Mr. Akabar Pinjari

Classics


5.0  

Mr. Akabar Pinjari

Classics


याराना

याराना

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क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


जी करता है फलक से दो तारे तोड़ लाऊं,

लाकर उसके आंचल में छोड़ जाऊं,

मुहब्बत के ख़ुदा का बेजोड़ नमूना है वो,

मेरे दुःखों का साथी, मेरा खिलौना है वो।


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


मेरे इरादों का आसरा है वो,

मेरे जुनून का भरोसा है वो,

पग पग मेरे वक्त आधार है वो,

नव कल्पनाओं का बाज़ार है वो,


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।

 

सच्चाई कि प्रीत है वो,

मेरे मन का मीत है वो,

जीवन का गीत है वो,

विश्वास की जीत है वो,


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


अतीत को पहचानने वाला,

सुदामा का कृष्ण सा सखा है वो,

स्वयं हारकर भी ढाल बननेवाला,

दूर्योधन का कर्ण सा मित्र है वो,


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


अगर दोस्ती अच्छी हो तो,

जिंदगी स्वर्ग बन जाती है,

अगर दोस्ती फरेबी है तो,

जिंदगी नर्क से बत्तर बन जाती है,


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


इसीलिए हजार दोस्त,

बनाने से बेहतर हो,

एक दोस्त बनाओं,

जो हजारों से बेहतर हो,


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


चरित्र से चरित्रवान हो,

बुद्धि से बुद्धिमान हो,

मुझे संवारने का सामान हो,

साथ मेरे उसका भी नाम हो,


क्या बताऊं दोस्त,

अपना यारों का यार है वो,

क्या कहूं मेरा यार-प्यार, दोस्त-मित्र,

हमराही-हमसफ़र, मेरा आधार है वो।


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