STORYMIRROR

Luxmi Maurya

Drama

2  

Luxmi Maurya

Drama

उजाले उनकी यादों के

उजाले उनकी यादों के

1 min
582

आंख के आंसू सी

ढल आयी वो यादें,

दुनियादारी

कुसमय हिंसक है,


अनिश्चित जंगलों सी,

सिर्फ यादें हैं आपकी

अब सुरक्षित घोंसलों सी,


इक दीप बनके

तुम्हें ही सोचूं कि

आज बनके

बीता कल आये।


उजाले उनकी

यादों के !


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Drama