STORYMIRROR

ପ୍ରିୟଦର୍ଶିନୀ ମହାନ୍ତି

Romance

4  

ପ୍ରିୟଦର୍ଶିନୀ ମହାନ୍ତି

Romance

तेरे लिए

तेरे लिए

1 min
55

आस्मान में नहीं

दिल में बसाऊँगी

चाँद,तारों में नहीं

जमीन पे घर् बनाऊँगी


कुछ लम्हा, दिन, महीना

या कुछ साल नही

हर वक्त दुआ करूँगी

पास ना हो 


पर सुख, दुख में

सदा साथ दूंगी

ना हो तुम्हे कोई तकलीफ,

ना हो कोई दुख,

सारे में सह्लूंगी


मेरे हिस्से की उमर

तेरे नाम करदुंगी

तेरे दर्द का में 

दवा बनूँगी

तेरे लिए खुशियों का

मेला लगाऊँगी।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Romance