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Shruti Kaushik

Romance

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Shruti Kaushik

Romance

तेरा ना होना कहां याद आता है

तेरा ना होना कहां याद आता है

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तेरा ना होना कहां याद आता है हमको,

तेरा यूं धोखा देकर चले जाना कहां सताता है हमको।


दुनिया में दोस्त बनकर दुश्मनी निभाना कहां आता है हमको,

तुझे तो याद होगा दर्द में कैसे मुस्कुराते हैं यह अच्छे से आता है हमको।


कभी सोचती हूं माफ कर दूं तुझको,

तुझे तो याद होगा आसान काम कहां आता है हमको।


 दिल को रोना तो तू सिखा गया था,

 हमदर्द बनकर दर्द का एहसास तो तू  करा गया था।


दुनिया पर यकीन ना कर सकू ये पैगाम तो तू दे गया था हमको ,  

मेरे अंदर जो कुछ था, उसको तो तू चकनाचूर कर था।


चलो अच्छा ही किया एक नई सौगात तो तू दे गया,

खुद को निखारने संभालने, तराशने, का एक नया काम तो तू दे गया।


 तेरा जाना मुझे मुझसे मिला गया,

आंखों में नमी और लबों पर मुस्कान रखना सिखा गया।


दिल तो कहता है माफ कर दूं तुझको

तुझे तो याद होगा आसान काम कहां आता है मुझको।


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