STORYMIRROR

anita rashmi

Romance

3  

anita rashmi

Romance

तेरा ही नाम

तेरा ही नाम

1 min
343


मन के एकांत में 

सागर तट की 

गीली रेत पर 

सैकड़ों बार लिखा हमने 

तेरा ही नाम।


दिल के अकेलेपन में 

ठंडे बिस्तर की 

सन्नाटी शीतलता में 

हजारों बार जिया हमने 

तेरा ही नाम। 


आँखों के सूनेपन में 

गीली कोरों को छिपाते हुए 

हजारों बार लिया हमने 

तेरा ही तो नाम।


घर की चाहत में 

बुने गए सपनों के महल पर

सैकड़ों बार पढ़ा हमने 

तेरा ही नाम।


ऊँचाईयों को छूते हुए 

नापते हुए गहराईयाँ 

जीवन की 

हजारों बार देखा हमने 

बस, तेरा ही नाम।


फिर भी 

आता नहीं साथ कभी 

मेरे नाम के साथ

तेरा क्यों नाम?





Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Romance