Neelam Sharma
Romance
पता
नहीं क्यो ?
यादों के पन्ने
आज फिर
फड़फड़ाते।
मोह
के धागे
तेरी उँगलियों में,
जा उलझे
क्यों ?
संभली
तूफानों से
समंदर में फँसकर
हिदायतें लिख दी।
सहेजती
अश्रु अँखियाँ,
मिलन आस लिए
सपने समेटे बैठी।
आरज़ू दिल कि...
मैं अपलक राह ...
नारी की जाति
प्रणय पथ
प्रेम और बलिद...
डिजिटल युग का...
प्रेम के रंग
प्रेम का पथ
क्यों बुद्ध ह...
सर्वनाम
चल कर देखा है मैंने, प्रेम की राहों पे, बहुत सुकून मिला है, मुझे उनकी बाहों में.... चल कर देखा है मैंने, प्रेम की राहों पे, बहुत सुकून मिला है, मुझे उनकी बाहों म...
इस मुहब्बत को निकाह कर पाक बना दें। आओ के तुम्हे ज़िंदगी बना लें। इस मुहब्बत को निकाह कर पाक बना दें। आओ के तुम्हे ज़िंदगी बना लें।
और लिख दूँ अपनी ज़िंदगी तुम्हारे नाम ताउम्र के लिए। और लिख दूँ अपनी ज़िंदगी तुम्हारे नाम ताउम्र के लिए।
मैं प्यार के काबिल ही न थी शायद, तभी तो हर मर्तबा तकदीर में दर्द लिख आई मैं प्यार के काबिल ही न थी शायद, तभी तो हर मर्तबा तकदीर में दर्द लिख आई
ज़िन्दगी दिखला रही है फिर दहशत भरे कुछ चेहरे, ज़िन्दगी दिखला रही है फिर दहशत भरे कुछ चेहरे,
हो समझदार तुम पर मुझे समझते नहीं हो है दिल मोम का तुम्हारा पर पिघलते नहीं हो। हो समझदार तुम पर मुझे समझते नहीं हो है दिल मोम का तुम्हारा पर पिघलते नहीं हो।
बंज़र धरा की प्यास सी तुम्हारे इंतज़ार में तड़पते पत्तों पर शबनम बनकर मुस्कुराऊँगी बंज़र धरा की प्यास सी तुम्हारे इंतज़ार में तड़पते पत्तों पर शबनम बनकर मुस्कुराऊँ...
कोई मकसद न था जीवन का दर-दर ठोकर है खाई जब थामा है दामन तुमने जीने की हसरत है आई कोई मकसद न था जीवन का दर-दर ठोकर है खाई जब थामा है दामन तुमने जीने की हसरत ह...
आ रख दे मेरे साथी काँधे पर मेरे अपना गम से बेकल बोझ़िल सर। आ रख दे मेरे साथी काँधे पर मेरे अपना गम से बेकल बोझ़िल सर।
मुहब्बत की अपनी, है ताकत दिखाना। खाओ कसम साथ, उम्र भर निभाना। मुहब्बत की अपनी, है ताकत दिखाना। खाओ कसम साथ, उम्र भर निभाना।
नींद नहीं नयनों में सपने छल -छल जाते हैं , सर्दी की बरसातों में वो याद हमें बहुत आते। नींद नहीं नयनों में सपने छल -छल जाते हैं , सर्दी की बरसातों में वो याद हमें ब...
मेरी सूरत से नहीं मेरी सीरत से मोहब्बत है उन्हें मेरी सूरत से नहीं मेरी सीरत से मोहब्बत है उन्हें
ना कोई दर्द तुम्हारे जीवन में आएगा... जब तुम्हें प्रेम हो जाएगा. ना कोई दर्द तुम्हारे जीवन में आएगा... जब तुम्हें प्रेम हो जाएगा.
सुना है लफ़्ज़ों की जरूरत नहीं वहांँ सच्ची मोहब्बत होती जहांँ। सुना है लफ़्ज़ों की जरूरत नहीं वहांँ सच्ची मोहब्बत होती जहांँ।
उम्मीद हो जिसमें थोड़ी बहुत भी मिलने की तुझसे उम्मीद हो जिसमें थोड़ी बहुत भी मिलने की तुझसे
वो सर्द शाम अब तक है ज़हन में जब पहली बार थे हम मिले। वो सर्द शाम अब तक है ज़हन में जब पहली बार थे हम मिले।
आ रख दे मेरे साथी काँधे पर मेरे तू अपना क्लेश भरा बोझ़िल सर। आ रख दे मेरे साथी काँधे पर मेरे तू अपना क्लेश भरा बोझ़िल सर।
बंद लिफाफों में कैद हो गयीं कुछ हसरतें बंद लिफाफों में कैद हो गयीं कुछ हसरतें
बंद पलकों में ही रह गया है तेरी पाजेब सा खनकता मेरा संसार। बंद पलकों में ही रह गया है तेरी पाजेब सा खनकता मेरा संसार।
उतरती नहीं सिर से इश्क़ की खुमारी अब तो, दिलबर जब से मेरे साथ वक्त बिताने लगा है। उतरती नहीं सिर से इश्क़ की खुमारी अब तो, दिलबर जब से मेरे साथ वक्त बिताने लगा ...