रुसवाई
रुसवाई
अनोखा संबंध है,
ना उसे दुनिया समझेगी.
नाहक रुसवाई होगी आपकी,
भावना इसी रुसवाई से डरती है.
दिल के इस रिश्ते को क्या नाम दूं,
अनोखा बंधन कौन समझेगा.
दिलों का पवित्र प्रेम कौन समझेगा,
दुनिया रुसवाई करेगी;
और ईस रुसवाई से रिस्ते सहम जायेंगे।

