STORYMIRROR

Neelam Arora

Classics

2  

Neelam Arora

Classics

प्रेम की बारिश

प्रेम की बारिश

1 min
408

ज़िन्दगी की तपती सड़क पर,

वक़्त भाग रहा था,

आंखों पर पट्टी बांध कर।


प्रेम की बारिश जब हुई फ़िज़ां में,

वक़्त भी सुस्ताया,

कुछ पल ठहर कर।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Classics