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सोनी गुप्ता

Inspirational

3  

सोनी गुप्ता

Inspirational

फरिश्ते

फरिश्ते

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नभ में दामिनी गरज रही थी मेघ बरखा बन बरस रही थी, 

एक छोटा नन्हा बालक असहाय सा ठंड में सिमट रहा था ,


तभी एक फरिश्ते ने आकर उसे अपने आंचल में छुपाया था, 

अनाथ के सर पर प्यार से हाथ फेर स्नेह रस बरसाया था , 


अपनी बाहों में भर कर उसको उस तूफान से बचाया था, 

उसके जीवन में वो माँ के रूप में फरिश्ता बनकर आई थी! 


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