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GOPAL RAM DANSENA

Abstract Inspirational

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GOPAL RAM DANSENA

Abstract Inspirational

मुक्त आकाश

मुक्त आकाश

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सोचता हूं ये आकाश

मुक्त कहाँ है

हर उपमा देते हैं इसको

ये अब उपयुक्त कहां है

एक माँ अपने बच्चे को

आकाश दिखा देती है

चाँद को मामा और

तारों को परिजन सीखा देती है

बड़ा हो वो उनसे तृप्त कहां है

सोचता हूं ये आकाश

मुक्त कहाँ है

हर उपमा देते हैं इसको

ये अब उपयुक्त कहां है

हम उड़ते हैं मुक्त गगन में

सफलता या खुशी के लगन में

करते तैयारी ख्वाब सजाकर

ख्वाब में हकीकत का लुत्फ कहां है

सोचता हूं ये आकाश

मुक्त कहाँ है

हर उपमा देते हैं इसको

ये अब उपयुक्त कहां है

हम आशीष दे रहे दामन खोल

खुश रह, बहार संग चमन में डोल

लगन लगाता कर अभिनेता रोल

क़ीमत चुकाया पर मंजिल द्वार न पाया खोल

आशीष रहा बेअसर यहां अब कुछ मुफ्त कहां है

सोचता हूं ये आकाश

मुक्त कहाँ है

हर उपमा देते हैं इसको

ये अब उपयुक्त कहां है 


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