STORYMIRROR

MD ASHIQUE

Action

3  

MD ASHIQUE

Action

मृत्युंजय

मृत्युंजय

1 min
325

है दृढ़ प्रतिज्ञ मन में धैर्य धरती सा बना

है तुंग श्रृंग सा संकल्प कदम बुलंद बढ़ा 

है गगन तुझे पुकारती राह दिखाती रश्मियाँ

है हर कदम का खेल, तू द्रुत शीघ्र बढ़ाए जा। 


है पथ असीम विघ्न गरजती चुनौतियां 

है कांप रहा नभ कौंध रही बिजलियाँ 

है तम घना भय का प्रबुद्ध ज्योति गीत गाये जा 

है हर कदम का खेल, तू द्रुत शीघ्र बढ़ाए जा। 


है क्लांत पड़ी असंख्य निशीथ इस मृत्यु पथ पर 

है रैन भया खो रही उषा कही निहार तुषार में 

है वीर शूर पृथ्वीपुत्र मुहिम मृत्यु विरूद्घ चला

है हर कदम का खेल, तू द्रुत शीघ्र खेले जा।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Action