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सोनी गुप्ता

Inspirational

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सोनी गुप्ता

Inspirational

मेरी माँ

मेरी माँ

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हर मुश्किल में मेरा साथ निभाती,

बिगड़े मेरे सारे ही काम बनाती है ,

मधुर –मधुर से सपने मुझे दिखाती

जी हाँ वो तो मेरी माँ कहलाती है ,


हर बुराईयों से मुझे बचाकर रखती ,

जीवन का मुझको सार सिखलाती ,

कोमल दिल में हमेशा उसके रहती,

जी हाँ वो तो मेरी माँ कहलाती है ,


हर शब्द माँ से ही पूर्ण हो जाता है,

पहला अक्षर माँ से ही सीखा होता है,

सफलता की पहली सीख जिसने दी ,

जी हाँ वो तो मेरी माँ कहलाती है ,

 

दुनिया की इस भीड़ में गुम हो जाता ,

माँ की वो आँखें खोज लेती मुझको ,

जिन आँखों में सिर्फ मेरे सपने पलते हैं ,

जी हाँ वो तो मेरी माँ कहलाती है ,


संस्कारों की पूंजी जिनसे मिली मुझे ,

रिश्तों को निभाना हमेशा सिखाया है ,

निश्छल प्यार अपना जिसने लुटाया है,

जी हाँ वो तो मेरी माँ कहलाती है।


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