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Sudha Adesh

Abstract

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Sudha Adesh

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लो आ गया नववर्ष

लो आ गया नववर्ष

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आशाओं का संचार करता 

आ गया लो वर्ष 2020

जीवन भी तो है 20-20

कभी छक्के,कभी चौके

और कभी शून्य।


छक्के, चौके पर न बौराये,

शून्य पर न घबरायें

यह तो हर जीवन के हिस्से

मन में लिए संकल्प

आगे बढ़ते ही सदा जायें।


हार्दिक अभिनंदन 

सभी मेरे अपनों का

जो मेरे सुख-दुख के साथी बने, 

जिनके कारण छाई रही

मेरे लबों पर सदा मुस्कान।


अभिलाषा यही

सार्थक बने जीवन मेरा

गिले-शिकवे न रहें किसी से

हाथ पकड़कर अपनों का

चलती जाऊं सदा अनंत पथ पर।


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