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JYOTI ARORA

Romance


5.0  

JYOTI ARORA

Romance


लड़की

लड़की

1 min 259 1 min 259

वो शाम सुहानी थी

एक लड़की अंजानी थी

पल भर में मुस्कुराती,


आँखें उसकी नुरानी थी

वो लम्हे पुराने थे

गए वो ज़माने थे

जब वक्त हुआ करता था


महफिल में एक रंग हुआ

करता था

ख़ुशियों का साया उसके

संग हुआ करता था

अब ना वक्त है ,ना वो शाम

कभी आएगी

दिल खोल के वो अपना,

ना कुछ बता पाएगी..



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