STORYMIRROR

बेज़ुबानशायर 143

Abstract Fantasy Inspirational

4  

बेज़ुबानशायर 143

Abstract Fantasy Inspirational

कुछ तो मिला है

कुछ तो मिला है

1 min
37


उम्मीदों के दिये लेकर

निकलते है हम रोज। 

मिलेगा हम को फल

हमारे ही कर्मों का। 


मगर किस्मत का देखो

अलग अंदाज होता है। 

मन कुछ और होता है 

मिल कुछ और जाता है।। 


सभी के भाग्य में विधाता ने

अलग अलग लिखा है। 

जो जिसकी चाहत रखता है

उसे वो मिल भी सकता है। 


बस अपने कर्मों को तुम्हें

सही दिशा जो देना है। 

तभी परिणाम तुम को

उसी के अनुरूप मिलेंगे।। 


सफलता और असफलता का 

हम स्वयं कारण होते है। 

दिल में कुछ होता है और

लक्ष्य कुछ और होता है। 


पर पाने की चाहत 

दिल दिमाग में रहती है। 

इसलिए तो कुछ न कुछ

हम जीवन में पा जाते है।। 



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract