" किसान "
" किसान "
किसान मेरे अन्न दाता हैं,
किसानों का सम्मान करना चाहिए।
पर, बदकिस्मती से भारतीय किसान,
कर्ज में ही जन्मते हैं,
कर्ज में ही पलते हैं और
कर्ज में ही मर जाते हैं।
किसान को अपनी मेहनत की कमाई नहीं मिलती,
उन्हीं से सामान खरीद व्यापारी उसे
ज्यादा दाम में बेच धनवान बन जाते हैं।
लेकिन अब सरकार किसानों की मदद के लिए
नये मशीनों की व्यवस्था की है।
जिससे किसानों की ज़िन्दगी में सुधार आ रहा है।
अब किसानों के बच्चे पढ़-लिखकर
अच्छे ओहदे पर भी जा रहे हैं,
और अपनी पढ़ाई का इस्तेमाल अपनी
किसानी में भी कर रहे हैं।
किसानों की तरक्की से देश की तरक्की है।
