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Sushma Parakh

Tragedy Inspirational

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Sushma Parakh

Tragedy Inspirational

ख़ुशियाँ चुराया ना करो

ख़ुशियाँ चुराया ना करो

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प्रियवर मेरे….


यूँ बात बात पर तुम, रोया ना करो 

मेरी याद में पलकें,भिगोया ना करो,


तेरी हँसी से मुझे,सुकून मिलता हैं 

होकर उदास,मुझे सताया ना करो,


रूह से रूह का रिश्ता, मेरा तुम्हारा 

देकर खुद को दर्द,रुलाया ना करो,


मेरी मीठी यादों को,करके याद 

थोड़ा मुस्कुराया तो करो,

अपने साथ के पलों को,होकर 

उदास,यूँ ज़ाया ना करो ……..


मैं हिम्मत,मैं क़िस्मत,मैं शक्ति तेरी,

तेरी ख़ुशियों से बढ़ती ऊर्जा मेरी,

एक ज्योति टिमटिमाती हैं तेरी ख़ुशियों 

के साये,होकर उदास अँधेरा ना करो…..,


माना साथ अपना थोड़ा कम था,

उदास हो,क़ीमत बीते पल की घटाया ना करो,

मुस्कुराओ,बीते प्यारे पल को करके याद,उदास

हो यूँ यादों से ख़ुशियाँ चुराया ना करो……..,


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