Rashmi Lata Mishra
Drama
खोई हुई राहों की
तलाश जारी है
हो चुकी भूलों की
एहतियात जारी है
ऊंट किस करवट
बैठेगा न मालूम सही
पर बैठ सके उस जगह
का इंतजामात जारी है।
मौसम,गजल
गजल
पवित्र प्रेम
फागुन
वसंत आ गया
वासन्ती चादर
छुपता-छुपाता
धड़कन दिल की
बसंत देखो आ ग...
प्रायश्चित करता अनुरोध भी करता बुद्धि वक़्त ने मेरी हरी प्रायश्चित करता अनुरोध भी करता बुद्धि वक़्त ने मेरी हरी
मलिन पड़ता सारा तेज भी मेरी वीरों में न होती गिनती कहीं मलिन पड़ता सारा तेज भी मेरी वीरों में न होती गिनती कहीं
महिषासुर ने दुर्गा को देखकर ज़ोर से अट्टहास लगाया। महिषासुर ने दुर्गा को देखकर ज़ोर से अट्टहास लगाया।
लिखे तेरे प्यार को मैं पढ़ रही थी खत लगाकर दिल से महसूस तुझे कर रही थी लिखे तेरे प्यार को मैं पढ़ रही थी खत लगाकर दिल से महसूस तुझे कर रही थी
गृहस्थी में तपस्वी तेज से ज्यादा है, तपन शीशे से ज्यादा नाजुक है, गृहस्थ जीवन गृहस्थी में तपस्वी तेज से ज्यादा है, तपन शीशे से ज्यादा नाजुक है, गृहस्थ जीवन
मंज़िलों की ख्वाहिशें थीं, मंज़िलें बनती गईं, हम न टूटे, वो न टूटी, राहें भी बनती गईं। मंज़िलों की ख्वाहिशें थीं, मंज़िलें बनती गईं, हम न टूटे, वो न टूटी, राहें भी बनती ...
पुराने पीपल की उस डाली पर सावन में झूले पड़ते थे नील गगन में आज़ादी से ढेरों पंछी उड़ते थे... पुराने पीपल की उस डाली पर सावन में झूले पड़ते थे नील गगन में आज़ादी से ढेरों प...
मैं हर दिन के नज़्म लिखूं या कुछ ही बस अहससात लिखूं? मैं हर दिन के नज़्म लिखूं या कुछ ही बस अहससात लिखूं?
घमंड हो गया जिसे बेशुमार दौलत पर आज, क्या पता कल वो किस का कर्ज़दार है। घमंड हो गया जिसे बेशुमार दौलत पर आज, क्या पता कल वो किस का कर्ज़दार है।
सबके बदल चुके है, आज ख्यालात जहां पर पैसा, वहां होती भीड़ आयात जो गरीब है, सबके बदल चुके है, आज ख्यालात जहां पर पैसा, वहां होती भीड़ आयात जो गरीब है,
उस दिन होली थी और पुष्पमाला होली का उपहार थी। उस दिन होली थी और पुष्पमाला होली का उपहार थी।
जीवन के सब ही संकट हो जाएंगे, फुर्र-फुर्र एकबार बप्पा को दिल से करो, याद भरपूर जीवन के सब ही संकट हो जाएंगे, फुर्र-फुर्र एकबार बप्पा को दिल से करो, याद भरपू...
इन सत्रह सालों में दुनियादारी की पूरी दास्ताँ ही जैसे मैंने इन तथाकथित बेग़ैरत लोगों इन सत्रह सालों में दुनियादारी की पूरी दास्ताँ ही जैसे मैंने इन तथाकथित ब...
सात फेरों के बाद, आज पिया मिलन की रात होगी।। सात फेरों के बाद, आज पिया मिलन की रात होगी।।
चलाना पड़े चाहे ब्रह्मास्त्र भी कल जो चला न युद्ध में अभी कहीं। चलाना पड़े चाहे ब्रह्मास्त्र भी कल जो चला न युद्ध में अभी कहीं।
रोग दोष, शोक संताप सबसे मिल जाती मुक्ति जो भक्त चुन लेता रास्ता इनकी भक्ति का। रोग दोष, शोक संताप सबसे मिल जाती मुक्ति जो भक्त चुन लेता रास्ता इनकी भक्ति का।
देश की राष्ट्रपति बनीं तो पूरे देश ने उनको स्नेह सम्मान दिया। देश की राष्ट्रपति बनीं तो पूरे देश ने उनको स्नेह सम्मान दिया।
रोज रोज भ्रष्टाचार के नये कीर्तिमान गढ़ रहे हैं रोज रोज भ्रष्टाचार के नये कीर्तिमान गढ़ रहे हैं
उसके साथ का ख्वाब नहीं बस ख्वाबों में उसे देखना चाहूं , मेरा इश्क़ बस इतना सा है । उसके साथ का ख्वाब नहीं बस ख्वाबों में उसे देखना चाहूं , मेरा इश्क़ बस इतना सा...
हाथ जोड़ विनति करें सभी भक्तजन की जग जननी, मेरी शेरावाली मैय्या करा दे भवसागर से पार। हाथ जोड़ विनति करें सभी भक्तजन की जग जननी, मेरी शेरावाली मैय्या करा दे भवसागर से ...