STORYMIRROR

Abhishek Singh

Romance

3  

Abhishek Singh

Romance

इश्क़ का जादू !

इश्क़ का जादू !

1 min
236

आँखों ने की जो ख़ता,

दिल ने पायी ये सहा।

जो तुझसे इश्क़ कर बैठें,

सुध-बुध अपनी खो बैठें।


कुछ पल के इश्क़ में,

सदियाँ हम जी बैठें।

उस पल तो,

इश्क़ भी हसीन था।


जिस पल इश्क़,

तेरे दर्द से अंजान था।

हसीन सपनों सा लगता,

तेरे साथ का एक-एक पल था।


हर पल ख़ुशी हर पल जुनून,

तुझसे मिलने का था ये सुकून।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Romance