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Ravinder Raghav

Abstract Romance Fantasy

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Ravinder Raghav

Abstract Romance Fantasy

एक वो भी शाम थी

एक वो भी शाम थी

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एक वो भी शाम थी

जब तुमसे पहली मुलाकात थी, 


तुम्हारी आँखों में चमक

और चेहरे पे मुस्कान साफ़ थी, 


एक वो भी शाम थी

जब तुम मेरे साथ थी, 


तुम्हारी आँखों में प्यार

और चेहरे पे ख़ुशी साफ़ थी, 


एक वो भी शाम थी

जब तुमसे आख़री मुलाकात थी, 


तुम्हारी आँखों में आँसू 

और चेहरे पे मायूसी साफ़ थी।


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