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Sukant Suman

Romance

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Sukant Suman

Romance

चाँद की बेताबी

चाँद की बेताबी

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चाँद भी बेताब है, 

आफ़ताब से मिलने को

और इक वो है

कम्बखत जो कभी,

मिलती नहीं मुझ

जैसे महताब से ।।


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