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Satya Narayan Kumar

Romance

3  

Satya Narayan Kumar

Romance

भाई का प्यार

भाई का प्यार

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लो आज फिर आया हूँ,

मोहब्बत का पैगाम ले कर।

तुम यूँ रूठो न,

बात बात पर।


ये रक्षाबंधन दिलों का बंधन है,

भाई का बहन की रक्षा का है बंधन।

चाहें सब जग बंधन छुटे,

टूटे न भाई बहन बंधन।


बहना तुम दूर रहो या पास,

प्यार से बंधा से ये एहसास।

भैय्या का है बहन से पहचान,

तुम पर बसती है जान। 


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