STORYMIRROR

Satya Narayan Kumar

Others

3  

Satya Narayan Kumar

Others

आत्मा

आत्मा

1 min
267

आत्मा तब भी थी 

जब कुछ नहीं था।

आत्मा तब भी रहेगी

जब कुछ नहीं रहेगा।।


मैं आत्मा निरंतर

परमात्मा अर्थात् मेरे कान्हा।

मैं तेरी सेवा

में रहूंगा।।


तुम तब भी थे

जब कुछ नहीं था।

तुम तब भी रहोगे

जब कुछ नहीं रहेगा।।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन