Sandeep Saras
Action
हर हिंदुस्तानी की पहचान तिरंगा है
अपनी आजादी का ऐलान तिरंगा है।
शेखर, सुभाष, गांधी के नयनों का सपना,
हम सबके जीवन का अभिमान तिरंगा है।
भगवान बेचता ह...
खेल जिंदगी है
पाठशाला में र...
तू मुझे सम्भा...
तुम्हारी नींद...
नहीं बचे यदि ...
यह मतदान हमार...
ढूँढते रह जाओ...
अरमान तिरंगा ...
कभी अपनी काबिलीयत दिखाने के कारण कभी अपनी इज्जत बचाने के कारण कभी अपनी काबिलीयत दिखाने के कारण कभी अपनी इज्जत बचाने के कारण
अराजकतावादियो संभल जाओ, इसी में भलाई है। अराजकतावादियो संभल जाओ, इसी में भलाई है।
आदर करते थे आते जाते उसका वो जो सुनात थे बाहर निकलने पर तब। आदर करते थे आते जाते उसका वो जो सुनात थे बाहर निकलने पर तब।
मैं चंदन सा पादप शीतल सागर को मैं चला निकल। मैं चंदन सा पादप शीतल सागर को मैं चला निकल।
किया है सामना उसने, यहाँ जब आँधियाँ निकली। किया है सामना उसने, यहाँ जब आँधियाँ निकली।
तेरे सम्मुख आज सहज अनावृत अर्पित करती। तेरे सम्मुख आज सहज अनावृत अर्पित करती।
हक़ीक़त जीवन से रूबरू करें, ख़्वाब हमें जीने को प्रेरित करें। हक़ीक़त जीवन से रूबरू करें, ख़्वाब हमें जीने को प्रेरित करें।
हरे भरे लहलहाते खेत से, किसान भी गीत गुनगुनाता है। हरे भरे लहलहाते खेत से, किसान भी गीत गुनगुनाता है।
जवान तो कई देखे हैं हमने लेकिन अपने वीरों की बात अलग है जवान तो कई देखे हैं हमने लेकिन अपने वीरों की बात अलग है
मन ही मन में ललचाते है, खाने को खाने होटल के मन ही मन में ललचाते है, खाने को खाने होटल के
आज एक की हैै सरकारी नौकरी मां की छांव में दो हैं अपनी अपनी पढ़़ाई केे लिए अडिग दांव म आज एक की हैै सरकारी नौकरी मां की छांव में दो हैं अपनी अपनी पढ़़ाई केे लिए अड...
कभी कैद परिंदे करता था आज खुद के घर में कैद है। कभी कैद परिंदे करता था आज खुद के घर में कैद है।
घर की बैठकों, रसोई में पीला रंग उपयोगी है, मानसिक अवसाद दूर करने में भी उपयोगी है। घर की बैठकों, रसोई में पीला रंग उपयोगी है, मानसिक अवसाद दूर करने में भी उपयो...
अंंतः शत्रु पर भी प्रहार कर, तू अखंड ज्योत-सी जल। अंंतः शत्रु पर भी प्रहार कर, तू अखंड ज्योत-सी जल।
मैंने कहा की हुस्न हुस्न ए हैरत अंगेज़ है क्यूं कहने लगे की आप हुए फिदा आवेज़ है यूं मैंने कहा की हुस्न हुस्न ए हैरत अंगेज़ है क्यूं कहने लगे की आप हुए फिदा आवेज़...
जीवन में नित खुशियाँ आएंँगी यात्रा ए जिंदगी सुखद होती जाएगी। जीवन में नित खुशियाँ आएंँगी यात्रा ए जिंदगी सुखद होती जाएगी।
प्रेम प्यार का प्रतीक सभी को ये प्यार देता है। प्रेम प्यार का प्रतीक सभी को ये प्यार देता है।
आगाज का ना शोर कर आगाज़ को अंजाम दें। आगाज का ना शोर कर आगाज़ को अंजाम दें।
तुम कृष्ण की मीरा हो , कान्हा की राधा हो ब्रज के कण कण में बसी रासलीला हो तुम तुम कृष्ण की मीरा हो , कान्हा की राधा हो ब्रज के कण कण में बसी रासलीला हो तुम
समाज की बेड़ियों को कुचल के अरमानों की महल खड़ी कर सकती हूँ। समाज की बेड़ियों को कुचल के अरमानों की महल खड़ी कर सकती हूँ।