STORYMIRROR

manasvi poyamkar

Romance

5.0  

manasvi poyamkar

Romance

आपका मिलना

आपका मिलना

1 min
2.7K


लेकर चले थे तूफ़ान

ठोकरों का डर ना था

संग था कारवां

बिछड़ने का ग़म ना था...


कोशिशे की हजार

आपको भुलाने की

पर रुबरु हो ही गयी आखे

शायद इरादों में दम ना था !


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Romance