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Taj Mohammad

Tragedy Action Inspirational

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Taj Mohammad

Tragedy Action Inspirational

यूं मौत को पाकर

यूं मौत को पाकर

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अगर हम ना रह सके है तो तुम कहां रहोगे।

आज हम जा रहे है तो कल तुम भी जाओगे।।1।।


ये माना कि हमने बे हिसाब गुनाह है किए।

तो तुम भी तो नहीं हो यहां पर दूध से धुले।।2।।


हम समझ गए है पर तुम ना समझ रहे हो।

महशर में होगा हर हिसाब जो जहां में तुम कर रहे हो।।3।।


हर गुनहगार को सजा देने की हो रही तैयारी है।

आज हमको मिल गई है तो कल तुम्हारी भी बारी है।।4।।


अच्छा किया तुमने हमको धोखे से मार कर।

पल पल मरने से ये अच्छा है यूं मौत को पाकर।।5।।


आज बे-नाम से पड़े है हम दफनाने के वास्ते।

कोई नहीं है अपना तुरबत में ले जानें के वास्ते।।6।।


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