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AKIB JAVED

Drama

3  

AKIB JAVED

Drama

यादों की बारात होगी- ग़ज़ल

यादों की बारात होगी- ग़ज़ल

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तेरी मेरी बात होगी

यादों की बारात होगी


झूमें गाएं साथ सबके

अब नबी की नात होगी

यूँ महक उठेगा तन मन

जब मिलन की बात होगी


मौज़ में है आज वो भी

दाल -रोटी -भात होगी

देखें जब भी हम पिया को

वो सुहानी रात होगी


हाथ सर पे पीर का है

कैसे मेरी मात होगी

थाम लोगे जब कलम को

तुममें भी कुछ बात होगी।


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